Flame Scanner Principle, Type & Work(Amazing Guide in Hindi)

Flame Scanner क्या होता है? फ्लेम स्कैनर के कार्य, सिद्धांत, इसके प्रकार,रखरखाव और इसमें उपयोग होने वाली तकनीकों के बारे में विस्तार से समझिये |

परिचय :

आज के आधुनिक उद्योगों में सुरक्षा और ऑटोमेशन का बहुत बड़ा महत्व है। विशेष रूप से पावर प्लांट, बॉयलर, फर्नेस, गैस टर्बाइन और ऑयल रिफाइनरी जैसे उद्योगों में आग (Flame) की सही निगरानी करना बेहद जरूरी होता है। यदि किसी कारण से बर्नर की लौ बुझ जाए और समय पर पता न चले, तो गैस या फ्यूल जमा होकर बड़ा विस्फोट कर सकता है। ऐसी खतरनाक स्थितियों से बचाने के लिए जिस उपकरण का उपयोग किया जाता है उसे फ्लेम स्कैनर कहा जाता है।

फ्लेम स्कैनर एक ऐसा इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस है जो बर्नर या फर्नेस में जल रही लौ को लगातार मॉनिटर करता है। यह उपकरण यह सुनिश्चित करता है कि आग सही तरीके से जल रही है या नहीं। यदि लौ बुझ जाती है या असामान्य स्थिति बनती है, तो यह तुरंत कंट्रोल सिस्टम को सिग्नल भेजता है और सुरक्षा प्रक्रिया शुरू हो जाती है।

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इस ब्लॉग में हम फ्लेम स्कैनर के कार्य, प्रकार, उपयोग, फायदे, नुकसान, इंस्टॉलेशन, मेंटेनेंस और इंटरव्यू प्रश्नों के बारे में विस्तार से जानेंगे।


Flame Scanner क्या होता है?

फ्लेम स्कैनर एक सेफ्टी डिवाइस है जो बर्नर की लौ को डिटेक्ट करता है। यह सामान्यतः बॉयलर, फर्नेस और गैस टर्बाइन में लगाया जाता है।

जब बर्नर में आग जलती है, तब फ्लेम स्कैनर उस लौ से निकलने वाली UV (Ultraviolet) या IR (Infrared) किरणों को पहचानता है। यदि लौ बंद हो जाए तो यह कंट्रोल पैनल को सिग्नल भेजता है और फ्यूल सप्लाई बंद कर दी जाती है।


फ्लेम स्कैनर का मुख्य उद्देश्य: –

फ्लेम स्कैनर का मुख्य उद्देश्य उद्योग में सुरक्षा प्रदान करना है। इसके कुछ मुख्य उद्देश्य निम्न हैं:

  1. बर्नर की लौ की निगरानी करना
  2. लौ बुझने पर अलार्म देना
  3. फ्यूल सप्लाई बंद करना
  4. बॉयलर विस्फोट से सुरक्षा करना
  5. ऑटोमेशन सिस्टम को सहायता देना

Flame Scanner कैसे काम करता है?

फ्लेम स्कैनर का कार्य सिद्धांत बहुत सरल है।

कार्य प्रक्रिया :

1. लौ का निर्माण – जब बर्नर चालू होता है, तब फ्यूल और एयर मिलकर आग पैदा करते हैं।

2. UV या IR किरणें उत्पन्न होना – लौ से UV या Infrared Radiation निकलती है।

3. सेंसर द्वारा डिटेक्शन – फ्लेम स्कैनर इन किरणों को डिटेक्ट करता है।

4. कंट्रोल सिस्टम को सिग्नल – यदि लौ सही है तो फ्लेम स्कैनर “Flame ON” सिग्नल देता है।

5. लौ बुझने पर – यदि लौ बंद हो जाए:

  • फ्लेम स्कैनर  “Flame Fail” सिग्नल देता है
  • Fuel Valve बंद हो जाता है
  • Alarm सक्रिय हो जाता है

Flame Scanner


फ्लेम स्कैनर के मुख्य भाग ⇒

1. Sensor – यह लौ को पहचानने का कार्य करता है।

2. Amplifier – कमजोर सिग्नल को मजबूत बनाता है।

3. Viewing Window – यह लौ को देखने के लिए होता है।

4. Cooling Arrangement – उच्च तापमान से बचाने के लिए।

5. Electrical Connections – Control Panel से जुड़ने के लिए।

 


 

Flame Scanner के प्रकार ⇒

मुख्यतः तीन प्रकार के होते हैं।

1. UV Flame Scanner –

यह Ultraviolet किरणों को डिटेक्ट करता है।

विशेषताएँ :

  • तेज प्रतिक्रिया
  • गैस बर्नर में अधिक उपयोग
  • उच्च संवेदनशीलता

उपयोग :

  • Gas Burner
  • Oil Burner
  • Boiler

फायदे :

  • जल्दी Flame Detect करता है
  • Accurate Result देता है

नुकसान :

  • धूल और गंदगी से प्रभावित

2. IR Flame Scanner –

यह Infrared Radiation को पहचानता है।

विशेषताएँ :

  • कोयला और तेल बर्नर में उपयोग
  • मजबूत डिजाइन

उपयोग :

  • Coal Fired Boiler
  • Furnace

फायदे :

  • लंबी दूरी तक कार्य
  • धुएं में भी काम करता है

नुकसान :

  • कभी-कभी गलत Flame Detect कर सकता है

3. UV-IR Combined फ्लेम स्कैनर –

यह दोनों तकनीकों का उपयोग करता है।

विशेषताएँ :

  • अधिक सुरक्षा
  • Accurate Detection

उपयोग :

  • Large Power Plant
  • Industrial Furnace

फायदे :

  • False Trip कम
  • Reliable System

Flame Scanner कहाँ उपयोग होता है?

फ्लेम स्कैनर का उपयोग कई उद्योगों में किया जाता है।

1. Thermal Power Plant – बॉयलर बर्नर की निगरानी के लिए।

2. Cement Industry – फर्नेस में Flame Detection हेतु।

3. Oil Refinery – Gas Burner Safety के लिए।

4. Steel Plant – Heating Furnace में।

5. Gas Turbine – Combustion Monitoring के लिए।


फ्लेम स्कैनर की आवश्यकता क्यों होती है?

यदि फ्लेम स्कैनर न हो तो:

  • फ्यूल जमा हो सकता है
  • विस्फोट का खतरा बढ़ता है
  • बॉयलर Damage हो सकता है
  • जान-माल की हानि हो सकती है

इसलिए फ्लेम स्कैनर Industrial Safety का महत्वपूर्ण हिस्सा है।


Flame Failure क्या होता है?

जब बर्नर की आग अचानक बंद हो जाती है तो उसे Flame Failure कहते हैं।

Flame Failure के कारण : –

  1. Fuel Supply बंद होना
  2. Ignition Failure
  3. Air-Fuel Ratio गलत होना
  4. Burner Choking
  5. Low Fuel Pressure

फ्लेम स्कैनर के फायदे ⇒

1. सुरक्षा बढ़ाता है – विस्फोट रोकता है।

2. Automatic Monitoring – मानव निगरानी की आवश्यकता कम।

3. Fast Response – तुरंत Signal देता है।

4. Fuel बचत – गलत Combustion रोकता है।

5. Equipment Protection – Boiler और Furnace को सुरक्षित रखता है।


फ्लेम स्कैनर के नुकसान ⇒

1. High Cost – अच्छे Scanner महंगे होते हैं।

2. Regular Maintenance – सफाई आवश्यक होती है।

3. Dust Effect – धूल से Sensor प्रभावित हो सकता है।

4. False Alarm – गलत सिग्नल की संभावना।


Flame Scanner’s Installation  :

इंस्टॉलेशन के मुख्य बिंदु  –

1. सही Position – Scanner को Flame के सामने लगाना चाहिए।

2. Cooling Air – उच्च तापमान से बचाने हेतु।

3. Proper Wiring – सही Electrical Connection।

4. Vibration Protection – कंपन से बचाव।


फ्लेम स्कैनर Maintenance :

उद्योगों में फ्लेम स्कैनर की नियमित जांच आवश्यक है।

Maintenance Steps –

1. Lens Cleaning – Lens पर धूल हटाना।

2. Cable Checking – Loose Connection जांचना।

3. Air Filter Cleaning – Cooling Air Filter साफ करना।

4. Signal Testing – Scanner Output जांचना।

5. Alignment Check – Scanner सही दिशा में होना चाहिए।


फ्लेम स्कैनर Troubleshooting –

समस्या 1: Flame Detect नहीं हो रही :

कारण –

  • Lens Dirty
  • Sensor खराब
  • Wiring Fault

समाधान :

  • Lens साफ करें
  • Sensor बदलें
  • Wiring Check करें

समस्या 2: False Flame Signal

कारण –

  • External Light
  • Wrong Alignment

समाधान –

  • सही Alignment करें
  • Shielding लगाएं

समस्या 3: Frequent Trip

कारण –

  • Air Pressure Low
  • Scanner Fault

समाधान –

  • Air Supply Check करें
  • Scanner Replace करें

Flame Scanner और Burner Management System (BMS) :

फ्लेम स्कैनर, BMS का महत्वपूर्ण हिस्सा है।

BMS का कार्य –

  • Burner Start/Stop Control
  • Safety Monitoring
  • Fuel Control
  • Alarm Generation

यदि फ्लेम स्कैनर Flame Fail दिखाता है, तो BMS:

  • Fuel Valve बंद करता है
  • Alarm देता है
  • Boiler Trip कर सकता है

Industrial Safety में फ्लेम स्कैनर का महत्व :

आज के समय में Industrial Safety सबसे महत्वपूर्ण विषय है। फ्लेम स्कैनर निम्न प्रकार से सुरक्षा बढ़ाता है:

  1. Explosion रोकता है
  2. Worker Safety बढ़ाता है
  3. Boiler Protection करता है
  4. Fuel Leakage रोकता है
  5. Fire Hazard कम करता है

फ्लेम स्कैनर Testing Procedure :

Manual Test –

  1. Burner चालू करें 
  2. Flame Signal देखें
  3. Scanner हटाकर जांच करें
  4. Flame Fail Alarm देखें

Safety Test –

  • Fuel Shutoff Time Check करें
  • Alarm Response Time देखें

Flame Scanner में उपयोग होने वाली तकनीक :

1. Optical Technology – Light Radiation Detection

2. Electronic Circuit – Signal Processing

3. Digital Monitoring – Modern Scanner में Digital Output

4. Self Diagnostics – Fault Detection System


आधुनिक फ्लेम स्कैनर की विशेषताएँ :

आज के आधुनिक फ्लेम स्कैनर में कई Advanced Features आते हैं। 

Features –

  • Digital Display
  • Self Test
  • Auto Calibration
  • Remote Monitoring
  • Communication Protocol
  • High Temperature Resistance

फ्लेम स्कैनर खरीदते समय ध्यान देने योग्य बातें –

  1. Burner Type
  2. Temperature Range
  3. UV या IR Technology
  4. Brand Quality
  5. Maintenance Requirement
  6. Response Time

प्रमुख फ्लेम स्कैनर निर्माता कंपनियाँ :

दुनिया में कई कंपनियाँ फ्लेम स्कैनर बनाती हैं।

लोकप्रिय कंपनियाँ –

  • Honeywell
  • Siemens
  • Forney
  • ABB
  • Durag
  • Hamworthy

इंटरव्यू में पूछे जाने वाले प्रश्न –

प्रश्न 1: फ्लेम स्कैनर क्या है?

उत्तर: यह एक सेफ्टी डिवाइस है जो बर्नर की लौ को डिटेक्ट करता है।


प्रश्न 2: UV फ्लेम स्कैनर कैसे काम करता है?

उत्तर: यह लौ से निकलने वाली Ultraviolet किरणों को पहचानता है।


प्रश्न 3: Flame Failure क्या होता है?

उत्तर: जब Burner की लौ बंद हो जाती है तो उसे Flame Failure कहते हैं।


प्रश्न 4: फ्लेम स्कैनर का मुख्य उपयोग कहाँ होता है?

उत्तर: Boiler, Furnace और Gas Turbine में।


प्रश्न 5: BMS में फ्लेम स्कैनर की भूमिका क्या है?

उत्तर: यह Flame की निगरानी करता है और Flame Fail होने पर Fuel Supply बंद कर देता है।

https://www.abb.com/global/en/areas/automation/measurement-analytics/instrumentation/flame-scanners-combustion

Flame Scanner Working Principle (कार्य सिद्धांत) :

फ्लेम स्कैनर एक ऐसा सेफ्टी डिवाइस है जो बॉयलर, फर्नेस या बर्नर में जल रही आग (Flame) को Detect करता है। इसका मुख्य कार्य यह सुनिश्चित करना होता है कि बर्नर की लौ सही तरीके से जल रही है या नहीं।


फ्लेम स्कैनर कैसे काम करता है?

जब Burner में Fuel और Air जलते हैं, तब Flame से Light Radiation निकलती है।

यह Radiation मुख्यतः:

  • Ultraviolet (UV)
  • Infrared (IR)

के रूप में होती है।

फ्लेम स्कैनर इन किरणों को पहचानकर कंट्रोल सिस्टम को Signal भेजता है।


Working Principle Step By Step :

1. Burner Start होता है –

Burner में Fuel और Air मिलकर आग पैदा करते हैं।

2. Flame Radiation उत्पन्न होती है –

जलती हुई लौ से UV या IR Rays निकलती हैं।

3. Scanner Radiation Detect करता है –

फ्लेम स्कैनर का Sensor इन Rays को Detect करता है।

4. Electrical Signal Generate होता है –

Sensor Radiation को Electrical Signal में बदल देता है।

5. Control System को Signal जाता है –

यदि Flame मौजूद है:

  • Scanner “Flame ON” Signal देता है।

यदि Flame बुझ जाए:

  • “Flame Fail” Signal जाता है।

6. Safety Action होता है –

Flame Fail होने पर:

  • Fuel Valve बंद हो जाता है
  • Alarm चालू हो जाता है
  • Boiler Trip हो सकता है

UV Flame Scanner Working:

UV Scanner लौ से निकलने वाली Ultraviolet Rays को पहचानता है।

प्रक्रिया –

  • Flame UV Light पैदा करती है
  • UV Sensor उसे Detect करता है
  • Amplifier Signal बढ़ाता है
  • Controller को Output मिलता है

यह Gas Burner में अधिक उपयोग होता है।


IR फ्लेम स्कैनर Working :

IR Scanner Flame से निकलने वाली Infrared Radiation को Detect करता है।

प्रक्रिया –

  • Flame Heat Radiation पैदा करती है
  • IR Sensor उसे पहचानता है
  • Signal Process होकर Controller तक जाता है

यह Coal और Oil Burner में अधिक उपयोग होता है।


फ्लेम स्कैनर का सरल सिद्धांत :

“No Flame = No Fuel”

यदि आग नहीं है तो Fuel Supply तुरंत बंद कर दी जाती है ताकि Explosion न हो।


फ्लेम स्कैनर का Diagram Concept –

 
Burner Flame
     ↓
UV / IR Radiation
     ↓
Flame Scanner Sensor
     ↓
Electrical Signal
     ↓
Control Panel / BMS
     ↓
Alarm or Fuel Shutoff
 

फ्लेम स्कैनर के मुख्य भाग –

  1. Sensor
  2. Lens
  3. Amplifier
  4. Cooling System
  5. Electrical Output Circuit

फ्लेम स्कैनर का महत्व –

  • Boiler Explosion रोकता है
  • Industrial Safety बढ़ाता है
  • Automatic Monitoring करता है
  • Fuel Leakage रोकता है
  • Burner Protection करता है

निष्कर्ष :

Flame Scanner UV या IR Radiation को Detect करके यह पता लगाता है कि Burner की Flame जल रही है या नहीं। यदि Flame बुझ जाती है तो यह तुरंत Control System को Signal भेजकर Fuel Supply बंद कर देता है। इसी कारण यह Industrial Safety System का बहुत महत्वपूर्ण हिस्सा माना जाता है।

फ्लेम स्कैनर आधुनिक उद्योगों में अत्यंत महत्वपूर्ण सुरक्षा उपकरण है। यह बॉयलर, फर्नेस और गैस टर्बाइन में आग की निगरानी करके विस्फोट और दुर्घटनाओं को रोकता है। UV, IR और Combined Technology वाले फ्लेम स्कैनर विभिन्न उद्योगों में उपयोग किए जाते हैं।

यदि फ्लेम स्कैनर की सही इंस्टॉलेशन और नियमित Maintenance की जाए, तो यह लंबे समय तक सुरक्षित और विश्वसनीय कार्य करता है। Industrial Automation और Safety के क्षेत्र में इसका महत्व लगातार बढ़ता जा रहा है।

आज हर बड़े उद्योग में फ्लेम स्कैनर एक अनिवार्य सुरक्षा उपकरण बन चुका है।

 
 
 

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